"मातंगी मैया" की कृपा से 610 भटके लोग अपने सनातनी पुरखो से संयुक्त हुए : प्रबल प्रताप सिंह जूदेव

"मातंगी मैया" की कृपा से 610 भटके लोग अपने सनातनी पुरखो से संयुक्त हुए :  प्रबल प्रताप सिंह जूदेव

रायपुर। पूजनीय प्रेमा साईं महाराज के असीम अनुकम्पा से हिन्दू नववर्ष, चैत्र नवरात्र प्रतिपदा के पावन अवसर पर धर्म जागरण समन्वय के तत्वाधान में सिद्ध हनुमान मंदिर सक्ति में धर्म और संस्कृति की पुनर्स्थापना के लिए पूज्य पिताश कुमार दिलीप सिंह जूदेव द्वारा प्रारंभ किए गए "घर वापसी अभियान" की प्रेरणा से  610 धर्मान्तरित सदस्यों की विधि-विधान, वैदिक मंत्रोच्चारण एवं चरण पखारकर पुनः सनातन धर्म में सम्मानपूर्वक घर वापसी कराई गई। ये जानकारी देते हुए जूदेव ने कहा कि यह क्षण उन सभी परिवारों के लिए अपनी जड़ों, परंपराओं और असली पहचान से पुनः जुड़ने का भावपूर्ण अवसर रहा। अखिल भारतीय घर वापसी अभियान के प्रमुख श्री प्रबल प्रताप सिंह जूदेव नें स्वयं सभी परिवारों के चरण पखारकर उनकी घर वापसी कराई।

यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि सनातन धर्म की महानता, समावेशी भावना और सांस्कृतिक जागरण का प्रतीक है। सभी नें संकल्प लिया कि राष्ट्र की सुरक्षा एवं सनातन के संरक्षण हेतु घर वापसी अभियान को निरंतर आगे बढ़ाता रहेंगे , जब तक अंतिम व्यक्ति भी अपनी सनातन पहचान से पुनः न जुड़ जाए।

इस पुण्य कार्य में सहयोग करने वाले पूज्य प्रेमा साईं महाराज , सुधीर गौतम , राजकुमार चंद्रा, अंजू गबेल, अवतार अग्रवाल, टिकेश्वर गबेल, अन्नपूर्णा राठौर , राजेंद्र राठौड़ , आयुष शर्मा, महेश साहू, रूपेंद्र गबेल, संतोषी सिंह, कुंती जांगड़े, पूजा राठौर , विजय जायसवाल एवं  सभी संतजन, धर्मप्रेमी बंधु-भगिनी एवं आयोजन समिति का हृदय से आभार।

धर्म स्वातंत्र्य विधेयक छत्तीसगढ़ के सर्व समाज के लिए हितकारी प्रबल प्रताप सिंह जूदेव

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने विधानसभा सत्र के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा को विधानसभा में धर्म स्वातंत्र्य विधेयक संशोधन पारित करने के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि धर्म स्वातंत्र्य विधेयक सर्व समाज के लिए हितकारी है।उन्होंने कहा कि उनके पिता स्व. दिलीप सिंह जूदेव ने हमेशा धर्मांतरण को रोकने का प्रयास किया जो आज प्रदेश की भाजपा सरकार ने धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पारित कर उनके सपनों को साकार करने का महती प्रयास किया है और उन्हें श्रद्धांजलि दी हैँ l 

भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष जूदेव ने कहा कि धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पारित होने से न केवल जनजाति समाज बल्कि प्रदेश की पूरी जनता को इसका लाभ होगा और वहीं धर्मांतरण कराने वालों पर तत्काल कार्यवाही की जाएगी। इस कानून को पारित होने से अब जनजाति सहित सभी समाज के सांस्कृतिक विरासत एवं संस्कृति को पुनः सम्मान मिलेगा साथ ही समाज के लोगों को अब प्रलोभन, दबाव एवं भ्रमित कर धर्मांतरित नहीं किया जा सकेगा। उन्होंने अपने स्वर्गीय दिलीप सिंह जूदेव का स्मरण करते हुए कहा कि प्रदेश में धर्मांतरण रोकने के लिए स्व. दिलीप सिंह जूदेव जी ने आजीवन प्रयास किया और घर वापसी अभियान का जमीनी कार्यक्रम लगातार उनके द्वारा चलाया गया, जो अभी तक चल रहा । उन्होंने कहा कि धर्म स्वातंत्र्य विधेयक पारित होने के लिए स्व. दिलीप सिंह जूदेव का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। वनवासी कल्याण आश्रम के संस्थापक पूज्य बालासाहेब देशपांडे एवं स्वामी अमरानंद के मार्गदर्शन में दिलीप सिंह जूदेव जी नें घर वापसी अभियान, लम्बी पदयात्राए एवं सनातन जनजागरण आंदोलन जैसे अनेकानेक कार्यक्रम चलाकर पहले ही इसका संकेत दे दिया था। 
उन्होंने विधानसभा में इस अत्यधिक प्रतीक्षित और अत्यंत आवश्यक धर्म स्वातंत्र्य संशोधन विधेयक के पारित किए जाने पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं छत्तीसगढ़ सरकार का आभार व्यक्त माना।
 
भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष जूदेव ने कहा कि मैं लगातार अपने स्व. पिता दिलीप सिंह जूदेव के सपने को साकार करने निरंतर प्रयासरत रहूंगा और घर वापसी कार्यक्रम लगातार सतत जारी रहेगा  सनातन के अनुयायियों के हितों की मजबूती से सुरक्षा करना हमारा नैतिक दायित्व है ।

प्रबल प्रताप सिंह जूदेव नें अंत में कहा कि पूज्य पिताजी कुमार दिलीप सिंह जूदेव के आजीवन संघर्षों, समर्पण एवं धर्म-संरक्षण हेतु उनके अथक प्रयासों को नमन करते हुए यह विधेयक उनके आदर्शों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

यह ऐतिहासिक निर्णय प्रदेश में धर्म, आस्था एवं सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के साथ-साथ समाज में विश्वास और संतुलन को सुदृढ़ करने वाला सिद्ध होगा।